स्वतंत्रता दिवस पर कांग्रेस मुख्यालय में 'वंदे मातरम्' विवाद, BJP ने सोनिया-राहुल-खरगे पर लगाया अपमान का आरोप

15 अगस्त को कांग्रेस मुख्यालय में 'वंदे मातरम्' गायन के दौरान BJP सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने सोनिया गांधी, राहुल गांधी और खरगे पर गीत का अपमान करने का आरोप लगाया। BJP ने माफी मांगी। कांग्रेस ने कहा सभी 6 अंतरे गाए गए, सोनिया कुर्सी के लिए बोल रही थीं।

Aug 15, 2026 - 18:03
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स्वतंत्रता दिवस पर कांग्रेस मुख्यालय में 'वंदे मातरम्' विवाद, BJP ने सोनिया-राहुल-खरगे पर लगाया अपमान का आरोप

नई दिल्ली: 15 अगस्त के मौके पर कांग्रेस मुख्यालय में हुए 'वंदे मातरम्' गायन को लेकर सियासत तेज हो गई है। BJP ने कांग्रेस नेतृत्व पर राष्ट्रीय गीत का अपमान करने का आरोप लगाया है, जिसे कांग्रेस ने सिरे से खारिज किया है।

BJP का आरोप: गायन के दौरान बातचीत और इशारे  
राज्यसभा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि 1947 की संविधान सभा भी 'वंदे मातरम्' से शुरू हुई थी। इसी गीत के लिए लाखों लोगों ने कुर्बानी दी।  
उन्होंने आरोप लगाया, जब कांग्रेस कार्यालय में पूरा गीत गाया जा रहा था तब सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे आपस में बात कर रहे थे, इशारे कर रहे थे। ये राष्ट्रीय गीत का अपमान है। करोड़ों भारतीय आहत हैं।

त्रिवेदी ने मांग की कि कांग्रेस आलाकमान देश से माफी मांगे और सफाई दे कि ऐसा आचरण क्यों किया गया। उन्होंने ये भी कहा कि सोनिया गांधी ने 6 अंतरे गाने पर आपत्ति जताई थी।

कांग्रेस का जवाब
कांग्रेस ने सभी आरोपों को नकार दिया। पार्टी का कहना है कि कार्यक्रम में 'वंदे मातरम्' के सभी 6 अंतरे पूरे सम्मान के साथ गाए गए।  
कांग्रेस ने सफाई दी कि सोनिया गांधी उस समय खरगे के लिए कुर्सी मंगवा रही थीं क्योंकि वह देर से खड़े थे। इसमें गीत के अपमान वाली कोई बात नहीं है।

इस बार PM मोदी के कार्यकाल में पहली बार 'वंदे मातरम्' का संपूर्ण गायन पूरे देश में हुआ। इसी बीच कांग्रेस मुख्यालय का वीडियो वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया।

एक तरफ BJP इसे देशभक्ति से जोड़कर कांग्रेस की निष्ठा पर सवाल उठा रही है, तो दूसरी तरफ कांग्रेस इसे तोड़-मरोड़ कर पेश करना बता रही है। स्वतंत्रता दिवस का जश्न अब सियासी तकरार में बदल गया है।

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Kajal Tiwari

लेखक के बारे में, काजल तिवारी एक समर्पित पत्रकार और मीडिया प्रोफेशनल है, जिन्होंने पत्रकारिता के क्षेत्र में वर्ष 2019 से अपने करियर की शुरुआत की। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में स्नातक एवं स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की है। पिछले लगभग 6–7 वर्षों के अपने पत्रकारिता अनुभव में मुझे पटना के कई प्रमुख मीडिया संस्थानों के साथ काम करने का अवसर मिला है। इस दौरान मैंने पत्रकारिता के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय रूप से काम किया, जिसमें न्यूज़ रिपोर्टिंग, ग्राउंड रिपोर्टिंग, राजनीतिक एवं सामाजिक मुद्दों की कवरेज, इंटरव्यू, कंटेंट राइटिंग और वॉयसओवर शामिल हैं। पत्रकारिता मेरे लिए केवल एक पेशा नहीं, बल्कि समाज से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को लोगों तक जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ पहुँचाने का माध्यम है। मेरा प्रयास हमेशा तथ्यों पर आधारित, स्पष्ट और प्रभावी पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों और दर्शकों तक सही जानकारी पहुँचाना रहा है।

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