SC आरक्षण में कोटे के अंदर कोटा पर महाभारत, चिराग पासवान बोले- समाज बंटेगा, मांझी बोले- इस्तीफा आप दो, मुसहर-डोम को न्याय जरूरी

SC आरक्षण में उप-श्रेणी यानी कोटे के अंदर कोटा पर NDA के दो सहयोगियों में टकराव। चिराग पासवान ने कहा- दलितों में उप-कोटा से विभाजन होगा, क्रीमी लेयर पर सोचो, समर्थकों को पद छोड़ देना चाहिए। जीतन राम मांझी का पलटवार- इस्तीफा तो चिराग को देना चाहिए, मुसहर-भुइयां-नट-डोम जैसी अति वंचित जातियों के लिए उप-कोटा जरूरी। मंत्री संतोष सुमन बोले- कोटा के अंदर कोटा और क्रीमी लेयर अलग विषय, आरक्षण के खिलाफ नहीं।

Aug 30, 2026 - 15:03
0 3
SC आरक्षण में कोटे के अंदर कोटा पर महाभारत, चिराग पासवान बोले- समाज बंटेगा, मांझी बोले- इस्तीफा आप दो, मुसहर-डोम को न्याय जरूरी

पटना / हाजीपुर: अनुसूचित जाति आरक्षण में कोटे के अंदर कोटा को लेकर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान और पूर्व CM जीतन राम मांझी आमने-सामने आ गए हैं। दोनों NDA में हैं, लेकिन बयानबाजी तेज है।

विवाद तब बढ़ा जब पत्रकारों ने चिराग से मांझी और उनके बेटे मंत्री संतोष कुमार सुमन के उप-कोटा समर्थन पर सवाल पूछा।

चिराग का तर्क – बंटवारा होगा

हाजीपुर सांसद चिराग ने कहा  “दलितों के भीतर उप-श्रेणी बनाने से समुदाय में विभाजन पैदा होगा। इसकी जगह क्रीमी लेयर पर विचार होना चाहिए। जो इस व्यवस्था का समर्थन कर रहे हैं, उन्हें पद छोड़ देना चाहिए।” ये स्टैंड उनके पिता रामविलास पासवान की लाइन से भी जुड़ा है, जिन्होंने नीतीश कुमार की बनाई ‘महादलित’ श्रेणी का विरोध किया था।

मांझी का पलटवार – इस्तीफा चिराग दें

गया सांसद जीतन राम मांझी ने जवाब दिया – इस्तीफे की बात है तो चिराग को इस्तीफा देना चाहिए। वो उस बात को समझ नहीं रहे जो हम दलितों के हित में उठा रहे हैं। मांझी बोले – SC में भी कुछ जातियां ज्यादा कमजोर हैं, उनके कल्याण के लिए विशेष प्रयास जरूरी है। उप-श्रेणी से लाभ सही लोगों तक पहुंचेगा।

संतोष सुमन ने क्या कहा?

बिहार सरकार में मंत्री संतोष सुमन ने X पर बिना नाम लिए चिराग को ‘छोटा भाई’ कहा और लिखा – आपकी पार्टी बड़ी है, MP-MLA ज्यादा हैं, नेतृत्व आप करें, हम साथ इस्तीफा देने को तैयार हैं। हम आरक्षण के खिलाफ नहीं, न ही क्रीमी लेयर के पक्ष में।

उन्होंने मुसहर, भुइयां, नट, डोम का जिक्र करते हुए कहा – इन समुदायों को SC के अंदर भी भेदभाव झेलना पड़ता है। कोटे के अंदर कोटा और क्रीमी लेयर दो अलग मुद्दे हैं।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
Kajal Tiwari

लेखक के बारे में, काजल तिवारी एक समर्पित पत्रकार और मीडिया प्रोफेशनल है, जिन्होंने पत्रकारिता के क्षेत्र में वर्ष 2019 से अपने करियर की शुरुआत की। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में स्नातक एवं स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की है। पिछले लगभग 6–7 वर्षों के अपने पत्रकारिता अनुभव में मुझे पटना के कई प्रमुख मीडिया संस्थानों के साथ काम करने का अवसर मिला है। इस दौरान मैंने पत्रकारिता के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय रूप से काम किया, जिसमें न्यूज़ रिपोर्टिंग, ग्राउंड रिपोर्टिंग, राजनीतिक एवं सामाजिक मुद्दों की कवरेज, इंटरव्यू, कंटेंट राइटिंग और वॉयसओवर शामिल हैं। पत्रकारिता मेरे लिए केवल एक पेशा नहीं, बल्कि समाज से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को लोगों तक जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ पहुँचाने का माध्यम है। मेरा प्रयास हमेशा तथ्यों पर आधारित, स्पष्ट और प्रभावी पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों और दर्शकों तक सही जानकारी पहुँचाना रहा है।

Comments (0)

User